नई दिल्ली । करीब 300 साल तक देश और अपने प्रदेश की राजनीति में अहम किरदार निभाने वाली तमिलनाड़ु की पूर्व मुख्य जे जयललिता अब हमारे बीच नहीं है। सोमवार रात उन्होंने आखिर सांस ली लेकिन उनके निधन के कुछ घंटे बाद ही उनकी राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक संपत्ति को उनके करीबियों और पारिवारिक लोगों ने आपस में बांट लिया। जहां उनके निधर के दो घंटे के भीतर ओ पनीरसेल्वम ने नए मुख्यमंत्री के पद की शपथ ली। वहीं उनकी संपत्ति को भी उनके बंधु-बांधव ने अपने बीच बांट लिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, उनकी राजनीतिक विरासत दो लोगों के बीच बंटती नजर आ रही है। इसमें जहां पनीरसेल्वम को मुख्यमंत्री पद मिला है, वहीं पार्टी की कमान उनकी मित्र शशिकला के पास जा सकती हैअगर बात उनकी संपत्ति को लेकर करें तो बता दें कि जून 2015 में विधानसभा चुनावों के दौरान उनकी ओर से चुनाव आयोग को एक हलफनामा दिया था। इसके अनुसार, जयललिता के पास कुल 117.13 करोड़ रुपये की संपत्ति थी। इसमें कहा जा रहा है कि 45.04 करोड़ चल संपत्ति के हैं और 72.09 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति है।
आइये जानते हैं क्या क्या है और किसके हिस्से क्या आया...
1-इससे इतर, चेन्नई के पोएस गार्डन में मौजूद घर की कीमत भी करीब 44 करोड़ रुपये है।
2-जयललिता ने अपनी मित्र शशिकला, जे. एलवरासी और वी. सुधागरन के साथ मिलकर चेन्नई के पॉश इलाकों में कई फार्म हाउस और समुद्र के किनारे संपत्ति बनाई हैं।
3-जयललिता ने रियल एस्टेट में भी काफी बड़ा निवेश किया था।
4-उनके पास 800 एकड़ में फैले कोडानाडु चाय के बागान शामिल हैं
5- जयललिता की कोडानाडु और सीरवायी की प्रॉपर्टी उनकी मित्र शशिकला को मिलेगी
6- पोएस गार्डेन की प्रॉपर्टी इलावरासी के बेटे विवेक को मिलेगी।
मंगलवार, 6 दिसंबर 2016
जयललिता के निधन के साथ ही बंट गई उनकी राजनीतिक विरासत, जानिए करोड़ों की संपत्ति में से किसने क्या लिया
पढ़ाई का विषय हमेशा साइंस रहा। बी एससी इलेट्रॉनिक्स से करने के बाद अचानक पत्रकारिता की तरफ रूझान बढ़ा। नतीजतन आज मेरा व्यवसाय और शौक
दोनों यही बन गए।
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