सोमवार, 19 दिसंबर 2016

अनूठी राष्ट्रीय 'वनवासी' तिरंदाजी प्रतियोगिता 29 दिसंबर से मुंबई मे

मुंबई: अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम द्वारा 29 दिसम्बर 2016 से 1 जनवरी 2017 के बिच 19 वी राष्ट्रीय वनवासी तीरन्दाजी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है | मुम्बई के चेम्बुर स्थित आर सी एफ (राष्ट्रीय केमिकल्स एन्ड फर्टीलायजर्स) के मैदान में होनेवाली इस प्रतियोगिता में देश के 25 प्रान्त एवं नेपाल से 350 तीरन्दाज युवक–युवतियाँ सहभागी होंगे।

यह तीरन्दाजी प्रतियोगिता भारतीय राउण्ड की होगी । इस में सब ज्युनियर, ज्युनियर और सिनियर गटों में बालकों की एवं सब ज्युनियर, ज्युनियर गटों में बालिकाओं की प्रतियोगिता सम्पन्न होगी । खेल 29 को दोपहर से आरम्भ होकर 1 जनवरी को समाप्त होंगे। यह जानकारी एस्सेल ग्रुप के उपाध्यक्ष अशोक गोयल ने एक संवाददाता सम्मेलन मे दी। अशोक गोयल राष्ट्रीय 'वनवासी' तिरंदाजी प्रतियोगिता के लिए बनी स्वागत समिति के अध्यक्ष है। उनके साथ
अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के सह संगठन मंत्री अतुल जोग उपस्थित थे।

तीरन्दाजी वनवासी समाज की पहचान है और उनके इस क्षमता की खोज करने के लिए 19 वी राष्ट्रीय वनवासी तीरन्दाजी प्रतियोगिता का आयोजन हो रहा है। तीरन्दाजी प्रतियोगिता का उद्घाटन 29 दिसम्बर को दोपहर 1.00 बजे होगा । उद्घाटन में मुख्य अतिथि के रुप में केन्द्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री श्री. अनन्त कुमार तथा विशिष्ट अतिथि के रुप में केन्द्रीय खेल एवं युवा विकास मंत्री श्री. विजय गोयल, महाराष्ट्र के खेल एवं युवा विकास मंत्री श्री. विनोद तावडे उपस्थित रहेंगे । समापन में केन्द्रीय रेल मंत्री श्री. सुरेश प्रभु एवं महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री श्री. देवेन्द्र फडणवीस अतिथि के रुप में उपस्थित रहेंगे ।

समापन समारोह में ठाणे, पालघर एवं रायगड जिले के विभिन्न ग्रामों से वनवासी बन्धु भगिनी बडी संख्या में उपस्थित रहकर खिलाडियों का हौसला बढ़ाएंगे ।

वनवासी कल्याण आश्रम 1952 से देश के अनुसूचित जनजाति समाज के सर्वांगीण विकास हेतु कार्यरत है। आश्रम के माध्यम से वनवासी क्षेत्र में शिक्षा, कौशल विकास, स्वास्थ्य, ग्राम विकास, आर्थिक विकास एवं महिला सशक्तिकरण हेतु विभिन्न सेवा प्रकल्प एवं उपक्रम चलाए जाते है । कल्याण आश्रम जनजाति युवकों के खेल प्रतिभाओं के खोज हेतु खेल केन्द्र चलाता है एवं समय समय पर खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन करता है । यह कार्य एकलव्य़ खेलकूद के नांम से चल रहा है । इस का प्रारंभ 1988 में कांदीवली में सम्पन्न प्रथम राष्ट्रीय वनवासी क्रीडा प्रतियोगिता से हुआ है । संस्था द्वारा हर चार वर्ष के अन्तराल पर राष्ट्रीय वनवासी क्रीड़ा प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया जाता है । सप्तम् राष्ट्रीय वनवासी क्रीडा प्रतियोगिता का आयोजन पिछले साल रांची में दिसम्बर 2015 में हुआ था, जिसमें देशभर के 2842 खिलाडियों ने भाग लिया ।

विभिन्न क्षेत्रों से आए हुए जनजाति युवाओं का क्रीडा कौशल देखकर उनका उत्साह बढाने के लिए सभी मुम्बईवासी इन आयोजनो का हिस्सा बने और कार्यक्रम को यादगार बनाए ऐसा स्वागत समिति की और से आवाहन है |

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